रविवार, 31 जुलाई 2011

कार्टून:- हाय ओ रब्बा, हाय ओ रब्बा, हाय ओ रब्बा ...


26 टिप्‍पणियां:

  1. :) :) लोकपाल से भी क्या होने वाला है ..

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  2. ये तो बकरे के शहीद होने की शुरुआत है,

    पर जब यही बात खांग्रेसी प्रदेश वाली सरकार के साथ आयेगी,

    तब बात देखने वाली होगी।

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  3. अभी एक सरकार गयी है, तब तो पूरा देश सरक जायेगा।

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  4. अन्ना को भी लेंगें मन्ना
    हाय ओ रब्बा ,हाय ओ रब्बा, हाय ओ रब्बा.

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  5. बेचारों की चिन्ता जायज़ है!

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  6. बहुत सुन्दर कार्टून है जी!
    --
    आज पूरे 36 घंटे बाद ब्लॉग पर आया हूँ!
    धीरे-धीरे सब जगह पहुँच रहा हूँ!

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  7. Pata nahee hamaree naiyya kis disha me bah chalee hai?

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  8. यही तो फिक्र है,
    लोकपाल हुआ तो क्या होगा?

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  9. आपकी पोस्ट अच्छी लगी।
    ‘चूहे का आंदोलन‘ नाम से एक कथा हमने भी लिखी है और ब्लॉगर्स मीट वीकली में आपका इंतज़ार कर रही है। आप उसे पढ़ेंगे तो आपको एक अलग ही मज़ा आएगा, यह हमारा वादा है।
    हमारी कामना है कि आप हिंदी की सेवा यूं ही करते रहें। सोमवार को
    ब्लॉगर्स मीट वीकली में आप सादर आमंत्रित हैं।
    बेहतर है कि ब्लॉगर्स मीट ब्लॉग पर आयोजित हुआ करे ताकि सारी दुनिया के कोने कोने से ब्लॉगर्स एक मंच पर जमा हो सकें और विश्व को सही दिशा देने के अपने विचार आपस में साझा कर सकें। इसमें बिना किसी भेदभाव के हरेक आय और हरेक आयु के ब्लॉगर्स सम्मानपूर्वक शामिल हो सकते हैं। ब्लॉग पर आयोजित होने वाली मीट में वे ब्लॉगर्स भी आ सकती हैं / आ सकते हैं जो कि किसी वजह से अजनबियों से रू ब रू नहीं होना चाहते।

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  10. देखते है कांग्रेस शासित प्रदेशों में भी लोकायुक्त कुछ कर पाते है या नहीं !!

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  11. बड़े मियाँ अभी नहीं अ पा रहे हैं :) ये तो छोटे मियाँ की कारस्तानी है !

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  12. लोकपाल के नाम से बुखार चढ़ेगा पक्ष और विपक्ष दोनो को! :D

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  13. आपकी इस उत्कृष्ट प्रविष्टी की चर्चा कल मंगलवार के चर्चा मंच पर भी की गई है!
    यदि किसी रचनाधर्मी की पोस्ट या उसके लिंक की चर्चा कहीं पर की जा रही होती है, तो उस पत्रिका के व्यवस्थापक का यह कर्तव्य होता है कि वो उसको इस बारे में सूचित कर दे। आपको यह सूचना केवल इसी उद्देश्य से दी जा रही है! अधिक से अधिक लोग आपके ब्लॉग पर पहुँचेंगे तो चर्चा मंच का भी प्रयास सफल होगा।

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  14. शुक्र है , आज खुल गया ।
    फ़िलहाल तो खतरा अन्ना पर ज्यादा नज़र आ रहा है ।

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  15. हूं..तो अब इससे भी निपटने का रास्ता ढूंढ निकाला जायेगा. तू डाल डाल तो हम पात पात.

    रामराम

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  16. यदुरप्पों का बंटा- ढार ही अब देश हित में है ,पूरे एक महा देश को ये सोने की खान समझ लील रहें हैं .तीक्ष्ण व्यंग्य आज की स्थिति पर .

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  17. काजल कुमार जी, लोटपोट के शुरुवाती दौर से मैं आपके बनाए कार्टून देखता-पढ़ता आ रहा हूं।
    ब्लॉग जगत में भी आपके कार्टून पढ़ता रहा हूं, हां, टिप्पणी पहली बार कर रहा हूं। अब तो आता रहूंगा...।

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  18. @ भाई mahendra verma जी
    आपके शब्द, मेरे रचनाकर्म को दृढ़ संबल देते हैं. विनम्र हार्दिक आभार. आपका स्वागत है.

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  19. इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.

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  20. आप का बनाया कार्टून एक साईट पर बिना आप का नाम और संपर्क सूत्र दिए हुए छपा देखा.
    कृपया जांच लें .
    साईट का नाम और लिंक मेल कर दिया है.
    जिस टिप्पणी में लिंक था वह टिप्पणी मैं ने हटा दी है .

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